मेरी मांग व शिकायत पर इसी सत्र में पुनः उसी जगह रामानुज स्कूल खोलने जिला प्रशासन के अधिकारियों से आश्वासन मिला हैं – स्वतंत्र तिवारी
SDM ने C- मार्ट संचालक को जारी किया नोटिस, संचालक ने मांगा था 10 जून तक का समय…समय हुआ पूरा
मुंगेली/ दानदाताओं की नगरी मुंगेली में शर्मनाक करने वाला मामला सामने आया हैं जहां शिक्षा के लिए दान में दिए गए बेशकीमती जमीन पर प्रशासन द्वारा दुकानदारी शुरू कर दी गई हैं, पर इस मामले में कोई आवाज उठाने वाला नहीं था, कारण सबकी मिलीभगत थी।
मुंगेली के ऐतिहासिक रहे रामानुज प्राथमिक शाला को ही देखा जाए तो पड़ाव चौक और नया बस स्टैंड के बीचों-बीच में स्थित था। कई दशकों पहले गरीब बच्चों के उचित पढ़ाई व शिक्षा के लिये मुंगेली के दानवीर रामानुज देवांगन के द्वारा एक प्राथमिक शाला भवन का निर्माण कराया गया, और इस स्कूल का नाम रामानुज प्राथमिक शाला रखा गया। यह स्कूल लगभग चार दशक सफलतापूर्वक संचालित होता रहा और यहाँ की काफी अच्छी शिक्षा व्यवस्था के कारण आज यहाँ से पढ़े छात्र डॉक्टर, वकील, इंजीनियर, प्रोफेसर व कई प्रशासनिक पदों के साथ-साथ राजनीतिक पदों भी आसीन है और का नाम भी रोशन किये हैं।
आपको बता दे कि मुंगेली के दानवीर रामानुज देवांगन ने शिक्षा के उद्देश्य के लिये जिस विशाल भूमि और स्कूल भवन का दान किया था उसमें आज राज्य शासन द्वारा सी-मार्ट, मिलेट कैफे और धन्वंतरि मेडिकल संचालित किया जा रहा हैं। कई दशकों पहले यहां रामानुज प्राथमिक शाला संचालित था, बाद में नगर पालिका ने दानदाता की सहमति लेकर जर्जर हो चुके रामानुज प्राथमिक शाला को तोड़कर काम्पलेक्स बनाने व उसके प्रथम तक पर रामानुज प्राथमिक शाला बनाकर रामानुज देवांगन के नाम से ही नामकरण करने की बात बकायदा पत्र व्यवहार के माध्यम से स्वीकारी थी, पर नगर पालिका ने काम्पलेक्स तो बना दिया पर प्रथम तल पर स्कूल नहीं बना सकी लेकिन राज्य में कांग्रेस सरकार आई तो मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने सी-मार्ट योजना की शुरुआत की, तब मुंगेली नगर पालिका व शासन प्रशासन की आंखों में दानदाता द्वारा शिक्षा के लिये दी गई जमीन दिखी और आनन-फानन में इस रामानुज स्कूल के जमीन पर बने काम्पलेक्स का स्वरूप बदलकर इसे सी-मार्ट बना दिया गया।
मुंगेली अम्बेडकर वार्ड निवासी अधिवक्ता स्वतंत्र तिवारी ने पहले भी और वर्तमान के सुशासन तिहार में आवेदन देते हुए शासन-प्रशासन से मांग किया हैं कि अम्बेडकर वार्ड क्रमांक 13 में गौरव पथ में स्थित सीमार्ट, मिलेट कैफे व धनवन्तरि मेडिकल एक बड़े काम्प्लेक्स में संचालित है, उक्त भूमि दानदाता रामानुज देवांगन ने शिक्षा के उद्देश्य के लिये दिया था, पूर्व में यहां रामानुज देवांगन स्कूल संचालित था, जिसे अन्यत्र जर्जर भवन में संचालित किया जा रहा है। शिक्षा के लिये दान में दी गई जमीन पर व्यवसाय संचालित हैं इसीलिये सी-मार्ट, मिलेट कैफे व धनवन्तरि मेडिकल को हटाकर पुनः वहां शिक्षा के उद्देश्य के लिये दिये गये दान की जमीन पर रामानुज स्कूल खोला जाये।
SDM ने C- मार्ट संचालक को जारी किया नोटिस, संचालक ने मांगा था 10 जून तक का समय…
उक्त शिकायत व मांग के बाद जिला प्रशासन द्वारा सीमार्ट हटाने की कार्यवाही शुरू की गई। अधिवक्ता स्वतंत्र तिवारी की मांग व शिकायत पर अनुविभागीय अधिकारी राजस्व द्वारा उन्हें लिखित में जानकारी देते हुए बताया कि “छग शासन के महत्त्वपूर्ण अभियान सुशासन तिहार में आपके द्वारा अंबेडकर वार्ड में स्थित सी-मार्ट, मिलेट कैफे को हटाकर दानदाता रामानुज देवांगन की जमीन पर पुनः स्कूल खोलने बाबत् आवेदन प्रस्तुत किया गया है। प्रस्तुत आवेदन के संबंध में लेख है कि सी-मार्ट मुंगेली के संचालक नीरज कुमार सिंग प्रोपाईटर पलक इंटरप्राईजेश, को इस कार्यालय द्वारा दिनांक 11.04.2025 को नोटिस जारी कर शासकीय प्राथमिक शाला रामानुज देवांगन के पूर्व शाला भवन में सी-मार्ट के रूप में उपयोग लिया जा रहा है जिसे रिक्त कर प्रधान पाठक के आधिपत्य में दिया जाये। जिसके संबंध में सी-मार्ट के संचालक द्वारा दिनांक 17.04.2025 को जवाब प्रस्तुत कर सी-मार्ट को खाली करने हेतु 10 जून तक का समय-चाहा गया है। नियत समय तक उक्त स्थलों को रिक्त करा लिया जायेगा तथा माह जून में स्कूल संचालन हेतु प्रधान पाठक के आधिपत्य में दिया जावेगा।”
उक्त ज्ञापन, पत्र के अनुसार सी-मार्ट संचालक को कल 10 जून को सी-मार्ट खाली कर देना था, लेकिन अभी तक खाली नहीं हुआ है। कुछ ही दिनों में शाला प्रवेशोत्सव मनाया जाएगा, ऐसे में रामानुज स्कूल के उसकी दान की जमीन में बेहतर संचालन के लिए जिला प्रशासन को जल्द ही तैयारी की जानी चाहिए। साथ ही मिलेट कैफे और धन्वंतरि मेडिकल को भी जल्द हटाया जाना चाहिए।





